कवर्धा में लोक कलाकार कल्याण संघ का शपथ ग्रहण समारोह, बालोद के विष्णु कोठारी सहित पांच कलाकारों को मिला सम्मान
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा की मौजूदगी में नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने ली शपथ, प्रदेश स्तर पर बालोद की लोककला को मिला प्रतिनिधित्व

संपादक:- मीनू साहू
बालोद;- छत्तीसगढ़ की लोककला, पारंपरिक संगीत और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के उद्देश्य से कवर्धा में छत्तीसगढ़ प्रदेश लोक कलाकार कल्याण संघ का शपथ ग्रहण समारोह एवं सम्मान कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस गरिमामय आयोजन में बालोद जिले के सुप्रसिद्ध लोकगायक, गीतकार एवं संगीतकार विष्णु कोठारी सहित पांच नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने शपथ ग्रहण की। प्रदेश के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा की उपस्थिति में संपन्न कार्यक्रम में बालोद के कलाकारों को सम्मानित किया गया, जिससे जिले की सांस्कृतिक पहचान को प्रदेश स्तर पर नई पहचान मिली।
विष्णु कोठारी को मिली प्रदेश स्तर पर संगठनात्मक जिम्मेदारी
समारोह में बालोद जिले के सुप्रसिद्ध लोकगायक, गीतकार एवं संगीतकार विष्णु कोठारी प्रमुख रूप से शामिल रहे। छत्तीसगढ़ी लोकगीत, संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के क्षेत्र में अपनी पहचान रखने वाले कोठारी ने नवनिर्वाचित पदाधिकारी के रूप में शपथ ग्रहण की। उनके साथ मीत फिरतुटोला, द्वारिका प्रसाद कश्यप धनगांव, नरेश रजक दल्ली राजहरा तथा तुलसी मालेकर गहिरा नवागांव को भी नई जिम्मेदारी सौंपी गई।सभी पदाधिकारियों को सम्मानित करते हुए संगठन के उद्देश्यों के अनुरूप कार्य करने तथा प्रदेश की पारंपरिक कलाओं के संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाने की शुभकामनाएं दी गईं।विष्णु कोठारी की सहभागिता बालोद जिले के लोकसंगीत जगत के लिए महत्वपूर्ण रही। संघ के माध्यम से उन्हें प्रदेशभर के कलाकारों के साथ मिलकर काम करने और लोककलाकारों से जुड़े विषयों को संगठनात्मक मंच पर उठाने का अवसर मिलेगा।
उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा की मौजूदगी में हुआ आयोजन
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती एवं छत्तीसगढ़ महतारी की पूजा-अर्चना के साथ हुआ। समारोह में छत्तीसगढ़ शासन के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि अध्यक्षता छत्तीसगढ़ प्रदेश लोक कलाकार कल्याण संघ के प्रदेश अध्यक्ष गुरुदास मानिकपुरी ने की।इस अवसर पर संतोष पाण्डेय, सुरेश चंद्रवंशी, विसेषर पटेल, भावना बोहरा, छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष मोना सेन तथा संघ के प्रदेश संरक्षक दिलीप षड़ंगी सहित अनेक गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति रही।प्रदेश के विभिन्न जिलों से पहुंचे कलाकारों और पदाधिकारियों ने आयोजन में सहभागिता निभाई। समारोह के दौरान लोककलाओं को आगे बढ़ाने तथा कलाकारों को संगठित मंच उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया।
लोकसंस्कृति के संरक्षण का लिया संकल्प
छत्तीसगढ़ की लोककला यहां की सामाजिक और सांस्कृतिक परंपराओं का महत्वपूर्ण हिस्सा है। लोकगीत, पारंपरिक वाद्ययंत्र, नृत्य एवं क्षेत्रीय सांगीतिक विधाएं प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को पीढ़ी-दर-पीढ़ी जीवंत बनाए हुए हैं।कवर्धा में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह ने विभिन्न जिलों के कलाकारों को एक मंच पर जोड़ने का अवसर प्रदान किया। संघ के माध्यम से कलाकारों के हितों, सम्मान और पारंपरिक विधाओं के संरक्षण के लिए सामूहिक प्रयासों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।बालोद जिले के विष्णु कोठारी सहित पांच कलाकारों का सम्मान और शपथ ग्रहण जिले की सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए उल्लेखनीय उपलब्धि है। इससे स्थानीय लोककलाकारों को प्रदेश स्तर पर प्रतिनिधित्व मिला है और छत्तीसगढ़ की सांगीतिक परंपराओं को व्यापक मंच पर प्रस्तुत करने की दिशा में नई संभावनाएं खुली हैं।



