बालोद में सेन समाज का सम्मान, संगठन में बढ़ी भागीदारी — संतोष कौशिक को केश शिल्पी कल्याण बोर्ड की कमान सौंपने की उठी मजबूत आवाज

संपादक:- मीनू साहु
रिपोर्टर:- उत्तम साहु
बालोद:- छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में राजनीतिक और सामाजिक परिदृश्य के बीच एक सकारात्मक संदेश उभरकर सामने आया है। भारतीय जनता पार्टी के पिछड़ा वर्ग मोर्चा जिला बालोद की नवगठित टीम में सेन समाज के छह सक्रिय कार्यकर्ताओं को महत्वपूर्ण दायित्व सौंपे जाने से समाज में उत्साह और गौरव का वातावरण है। इसे केवल पद वितरण नहीं, बल्कि वर्षों की संगठनात्मक निष्ठा, सामाजिक प्रतिबद्धता और सामूहिक एकजुटता की स्वीकृति के रूप में देखा जा रहा है।सेन समाज के जिला अध्यक्ष संतोष कौशिक के नेतृत्व में समाज के प्रतिनिधियों ने पार्टी नेतृत्व के प्रति आभार प्रकट किया। समाजजनों का कहना है कि यह निर्णय दर्शाता है कि पार्टी संरचना में जमीनी कार्यकर्ताओं को उचित स्थान दिया जा रहा है। यह सम्मान सामाजिक समरसता और समान अवसर की भावना को सशक्त करता है।समाज की ओर से जिन प्रमुख नेताओं के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई, उनमें पवन साय (संगठन महामंत्री), यशवंत जैन (प्रदेश महामंत्री), अशोक साहू (प्रदेशाध्यक्ष, पिछड़ा वर्ग मोर्चा), चेमन देशमुख (जिलाध्यक्ष, बालोद) और श्याम जायसवाल (जिलाध्यक्ष, पिछड़ा वर्ग मोर्चा, बालोद) शामिल हैं। समाज के पदाधिकारियों ने कहा कि इन नेताओं के मार्गदर्शन में संगठन लगातार विस्तार और मजबूती की दिशा में आगे बढ़ रहा है।सेन समाज ने स्पष्ट किया कि संगठन में मिली जिम्मेदारियाँ युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेंगी। इससे समाज के भीतर नेतृत्व क्षमता विकसित होगी और सामाजिक कार्यों को नई ऊर्जा मिलेगी। यह निर्णय आने वाले समय में सामाजिक समन्वय और विकास की गति को और तेज करेगा।इसी क्रम में समाज ने एक महत्वपूर्ण मांग भी सामने रखी है। समाज की ओर से संतोष कौशिक को छत्तीसगढ़ राज्य केश शिल्पी कल्याण बोर्ड का अध्यक्ष नियुक्त किए जाने का आग्रह किया गया है। समाज का मत है कि कौशिक लंबे समय से संगठन निर्माण, समाजसेवा और युवाओं को दिशा देने के कार्य में सक्रिय रहे हैं। उनके नेतृत्व में अनेक जनहितकारी पहलें सफलतापूर्वक संचालित हुई हैं, जिनसे समाज को नई पहचान मिली है।समाज के प्रतिनिधियों ने विश्वास जताया कि यदि उन्हें यह दायित्व सौंपा जाता है तो केश शिल्पी समुदाय के कल्याण, कौशल उन्नयन और आर्थिक सशक्तिकरण के लिए प्रभावी पहल संभव हो सकेगी। यह कदम न केवल एक व्यक्ति का सम्मान होगा, बल्कि पूरे समुदाय के आत्मविश्वास को नई ऊंचाई देगा।अंत में सेन समाज ने दोहराया कि वह राष्ट्रहित, समाजहित और विकास की भावना के साथ सकारात्मक सहयोग की राह पर आगे बढ़ता रहेगा। संगठन में बढ़ी भागीदारी को समाज नई शुरुआत के रूप में देख रहा है — एक ऐसी शुरुआत, जो प्रतिनिधित्व, समर्पण और सामूहिक प्रगति की मजबूत नींव पर आधारित है।



