जेवरतला में सहभागिता की मिसाल सातवां मितान लोक महोत्सव, सम्मान, समर्पण और लोकचेतना का मंच

बालोद :- छत्तीसगढ़ की लोककला केवल गायन-वादन या मंचीय प्रस्तुति नहीं, बल्कि समाज को जोड़ने वाली जीवंत परंपरा है। इसी लोकचेतना और सांस्कृतिक जिम्मेदारी को आगे बढ़ाते हुए मितान छत्तीसगढ़ी लोक कलाकार कल्याण संघ के तत्वावधान में 10 जनवरी को शाम 5 बजे से ग्राम जेवरतला रोड में सातवां मितान लोक महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। यह आयोजन लोककलाकारों के सम्मान, ग्रामीण सहभागिता और सांस्कृतिक चेतना को मजबूत करने का सार्थक प्रयास है।संघ के अध्यक्ष राजेश मारू ने जानकारी देते हुए बताया कि मितान लोक महोत्सव का मूल उद्देश्य छत्तीसगढ़ी लोककला, परंपरा और बोली को जीवित रखना है। ऐसे आयोजनों से कलाकारों को खुला मंच, सामाजिक सम्मान और सीधे जनता से जुड़ने का अवसर मिलता है। गांव के लोग, युवा और बच्चे अपनी संस्कृति को नजदीक से देखते-समझते हैं, जिससे लोककला अगली पीढ़ी तक स्वाभाविक रूप से पहुंचती है।
इस वर्ष के मितान लोक महोत्सव में छत्तीसगढ़ के सुप्रसिद्ध जस गायक दुकालू यादव, ख्यातिप्राप्त लोक गायक पंडित विवेक शर्मा, लोकप्रिय लोक कलाकार तिलक राजा साहू, सुप्रसिद्ध लोक गायिका कंचन जोशी, उभरती हुई पंडवानी गायिका पूजा देशमुख तथा लोक संगीत की नई पहचान कु. पारखी महोबिया अपनी रंगारंग प्रस्तुतियों से दर्शकों को छत्तीसगढ़ी माटी की खुशबू से सराबोर करेंगे। यह मंच अनुभव और नवाचार—दोनों का संगम होगा।कार्यक्रम के संयोजक पूर्व जनपद सदस्य एवं समाजसेवक राजेश साहू ने बताया कि मितान लोक महोत्सव पूरी तरह सामाजिक सहयोग, सामूहिक श्रम और गांव की एकजुटता से आयोजित किया जा रहा है। मंच, व्यवस्था, स्वागत, अनुशासन और संचालन—हर जिम्मेदारी समाज के लोगों ने अपने कंधों पर ली है। यही मितान परंपरा की असली ताकत है, जहां कोई दर्शक नहीं, सभी सहभागी होते हैं।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल होंगे, जबकि अध्यक्षता गुण्डरदेही विधायक कुंवर सिंह निषाद करेंगे। विशेष अतिथि जनपद सदस्य श्रीमती ऋतु साहू और सरपंच चंद्रहास चापीरा रहेंगे। उनकी उपस्थिति आयोजन को गरिमा और सामाजिक महत्व प्रदान करेगी।महोत्सव को सफल बनाने के लिए मितान छत्तीसगढ़ी लोक कलाकार कल्याण संघ के वरिष्ठ सदस्य हर्ष कुमार बिंदु, उपाध्यक्ष महादेव हिरवानी, सचिव वीरेन्द्र बहादुर सिंह, सहसचिव विष्णु कश्यप, कोषाध्यक्ष महेश्वर दास साहू सहित अनेक पदाधिकारी, ग्राम विकास समिति जेवरतला के सदस्य और ग्रामवासी दिन-रात जुटे हुए हैं। सभी का उद्देश्य एक ही है—लोककला का सम्मान और समाज को जोड़ने वाला आयोजन हो। समस्त ग्रामवासी एवं आयोजक समिति ने अंचल के लोगों से अपील की है कि वे परिवार सहित इस लोक महोत्सव में शामिल होकर छत्तीसगढ़ी संस्कृति, परंपरा और कलाकारों का उत्साह बढ़ाएं। मितान लोक महोत्सव यह साबित करता है कि जब समाज स्वयं आगे आता है, तब संस्कृति केवल मंच पर नहीं, बल्कि हर दिल में जीवित रहती है।



