हमर छत्तीसगढ़

स्कूल खुला लेकिन शिक्षक और प्राचार्य अनुपस्थित

संपादक:- मीनू साहू

बालोद:- छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय की सामने आई तस्वीरें शिक्षा व्यवस्था की हकीकत को उजागर करती हैं। स्कूल का भवन खुला है, गेट खुला है, लेकिन जिम्मेदार लोग ही अपने स्थान पर मौजूद नहीं हैं।

प्राचार्य कक्ष के बाहर स्पष्ट रूप से लिखा है कि बिना अनुमति प्रवेश वर्जित है, लेकिन जब प्राचार्य ही कार्यालय समय में अनुपस्थित रहते हैं तो अनुमति देने वाला कोई नहीं होता। कक्ष खाली पड़ा रहता है और व्यवस्था पूरी तरह से लापरवाही की ओर इशारा करती है।

स्कूल के मुख्य प्रवेश द्वार से रोज छात्र पढ़ाई की उम्मीद लेकर अंदर आते हैं, लेकिन कई बार उन्हें पढ़ाने वाले शिक्षक ही नहीं मिलते। स्थानीय लोगों और छात्रों का कहना है कि यह कोई एक दिन की समस्या नहीं है बल्कि लगातार ऐसा हो रहा है। इससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और उनका समय भी बर्बाद हो रहा है।

सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब शिक्षक और प्राचार्य ही समय पर स्कूल नहीं पहुंचेंगे तो शिक्षा की गुणवत्ता कैसे सुधरेगी। सरकार द्वारा शिक्षा के नाम पर कई योजनाएं चलाई जा रही हैं, लेकिन जमीन पर उनका असर दिखाई नहीं दे रहा है।

यह स्थिति न केवल एक स्कूल की है बल्कि पूरे सिस्टम पर सवाल खड़ा करती है। जिम्मेदार अधिकारियों को इस मामले पर ध्यान देने की जरूरत है ताकि बच्चों का भविष्य सुरक्षित रह सके और स्कूल में नियमित रूप से पढ़ाई हो सके।

Related Articles

Back to top button