हमर छत्तीसगढ़
हिंद सेना के प्रदेश संयोजक तरुण नाथ योगी ने बालोद कलेक्टर कार्यालय में फूंका आक्रोश का बिगुल

बालोद:— छत्तीसगढ़ के बालोद नगर में दल्ली चौक से रेलवे रोड तक चल रहा डिवाइडर निर्माण कार्य अब जनता के लिए मुसीबत बन चुका है। जो काम शहर को सुंदर और सुरक्षित बनाना था, वही अब अव्यवस्था, गड्ढों और धूल की त्रासदी में बदल गया है। सड़क खुदाई के बाद मिट्टी को डिवाइडर में डाल दिया गया है, जिससे पूरा मार्ग असमतल, ऊबड़-खाबड़ और खतरनाक बन गया है।हिंद सेना के प्रदेश संयोजक तरुण नाथ योगी के नेतृत्व में हिंद सेना, जिला बालोद की टीम ने आज कलेक्टर महोदया को ज्ञापन सौंपकर इस भ्रष्ट और लापरवाह तंत्र को कड़ी चेतावनी दी। तरुण नाथ योगी ने कहा कि “यह डिवाइडर नहीं, बल्कि प्रशासनिक विफलता और भाजपा सरकार के झूठे विकास मॉडल की सड़ी हुई मिसाल है।” उन्होंने आरोप लगाया कि निर्माण कार्य बिना किसी ठोस योजना, निरीक्षण या तकनीकी निगरानी के जारी है, और इसका खामियाजा आम जनता भुगत रही है।बरसात की हल्की बूंदों में यह मार्ग कीचड़ का दलदल बन जाता है। स्कूली बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं और वाहन चालक रोज़ाना गिरते-पड़ते नजर आते हैं, लेकिन जिला प्रशासन और ठेकेदारों पर कोई कार्रवाई नहीं होती। जनता के टैक्स से हो रहे इस भ्रष्टाचार पर जिला प्रशासन का मौन रहना उसकी मिलीभगत को दर्शाता है।तरुण नाथ योगी ने कहा कि“मुख्यमंत्री और भाजपा शासन के तथाकथित विकास की सच्चाई अब बालोद की टूटी सड़कों और उड़ती धूल में दिख रही है। जनता के साथ यह खुला विश्वासघात है।”हिंद सेना ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए, तो संगठन जनआंदोलन करेगा और सड़कों पर उतरकर जनता के अधिकार की लड़ाई लड़ेगा।बालोद की जनता पूछ रही है — क्या यही विकास है, जहां ‘डिवाइडर’ के नाम पर जनता को गड्ढों में धकेला जा रहा है
हिंद सेना ने ज्ञापन में चार प्रमुख मांगें रखीं —1️⃣ डिवाइडर निर्माण कार्य की तत्काल गुणवत्ता जांच कराई जाए।2️⃣ सड़क में डाली गई मिट्टी को हटाकर मार्ग को सुगम व समतल बनाया जाए।3️⃣ निर्माण स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था (बैरिकेड, चेतावनी बोर्ड आदि) सुनिश्चित की जाये4️⃣ लापरवाही व भ्रष्टाचार में शामिल ठेकेदारों और अफसरों पर कठोर कार्रवाई की जाए।



